बहाना न कहानी, मुढ़ारी गांव मांगे पानी

जागरणसंवाददाता,महोबा:महोबामेंवैसेतोकईगांवऐसेहैंजहांहरसालगर्मीकेदिनोंमेंपानीकासंकटआजाताहै।बेबसलोगोंकेसामनेहैंडपंप,कुएंहीएकमात्रसहाराहोतेहैं।इन्हींगांवोंमेंसेएकहैमुढ़ारीगांव।यहांहरसालकीतरहइसबारभीपानीकाभीषणसंकटमुंहबाएखड़ाहै।यहांकेलोगोंकाकहनाहैकिअबहमेंकोईबहानाऔरकहानीनहींसुननीहमेंपानीमिलेयहहमारीसबसेबड़ीवर्तमानकीजरूरतहै।अतिरिक्तहैंडपंपलगेंऔरपानीकीटंकीकीव्यवस्थाकराईजाए।

पानीकासंकटहरसालगर्मीआतेहैबढ़नेलगताहैलेकिनसंकटआनेसेपहलेहीयदिइसकेइंतजामहोजाएंदोमुढ़ारीगांवजैसेहालातकहींकेनहोनेपाएं।सरकारकीयोजनाओंकोचीखचीखकरजनताकेकानोंतकपहुंचानेसे,आंकड़ेदिखानेऔरदीवारेंपोतनेसेआमजनताकाकोईभलाहोनेवालानहींहै।मुढ़ारीकेपरमानंदकाकुछऐसाहीकहनाहै।कहतेहैंसरकारलाखोंकाहिसाबकिताबसमझातीहैपरहमेंउससेपानीतोनहींमिलरहा।हमारीसमस्याहैकिगांवमेंऐसेइंतजामहोजाएंकिपूरेसालशुद्धपीनेकापानीउपलब्धहोजाए।गांवमेंकहनेकोतोपचीसकुएंहैंलेकिनइसमेंमात्रदोकाहीपानीसहीहैऔरलोगोंकीसुबहसेलेकरशामतकयहांलाइनलगाएरहतेहैं।

40हैंडपंपमेंएकसही

गांवमेंगिननेकेलिएचालीसहैंडपंपलगेहैंलेकिनइनमेंसेमात्रएकहैंडपंपसहीहैवहभीगांवकेदोकिलोमीटरदूरलगाहै।सुबहसेहीलोगयहांपानीभरनेकेलिएपहुंचनेलगतेहैं।

जनप्रतिनिधिझांकनेतकनहींआते

कुलपहाड़सेपांचकिमीदूरमुढ़ारीगांवकीआबादी12000है।यहांकेप्रधानउमाशंकरमिश्राकहतेहैंकिजनप्रतिनिधिभीकोईसहयोगनहींकरते।इतनीविकटसमस्याकेबादभीकोईसमाधाननहींकरनेवालाहै।जनसुविधाओंऔरशासनसेमिलनेवालीयोजनाओंकालाभभीनहींमिलरहाहै।