बंदू-बूंद पानी बचाने का दे रहे संदेश

जागरणसंवाददाता,सल्टौआ,बस्ती:जिलेमेंभू-जलकेदोहनकोरोकनेकेलिएलोगआगेआरहेहैं।पानीकोसंरक्षितकरकलकेलिएबूंद-बूंदजलबचानेकीदिशामेंलोगप्रयासकररहेहैं।कुछऐसेभीलोगहैंजोजलबचानेकेसाथहीउसीमेंआर्थिकसमृद्धिकीगाथालिखरहेहैं।कुछऐसाहीकरदिखायाहैविकासक्षेत्रकेकरमापाठकगांवकेरामनरेशपाठकने।पाठककायहहौसलावजज्बागांवमेंअलगपहचानदिलादीहै।

रामनरेशकरीबदोएकड़जमीनपरजलसंरक्षणएवंमछलीपालनकेलिएतालाबकानिर्माणकराएहैं।जलसंचयकोलेकरप्रकाशितखबरोंसेप्रेरितहोकरउन्होंनेकृषियुक्तपैतृकजमीनपरतालाबबनवानेकानिर्णयलियाथा।निजीतालाबकेबगलग्रामपंचायतकीगड़हीकोभीनिजीसंसाधनोंसेउसेगहराकराकरसौंदर्यीकरणकरायाऔरउसमेंपानीभरवाया।रामनरेशकायहप्रयासलोगोंकेलिएनजीरबनगयाहै।गांवमेंइन्हेंजलसंरक्षणकाप्रहरीकहाजाताहै।38सालकेरामनरेशपाठककहतेहैंकिबचपनमेंहीपितावबड़ेभाईकानिधनहोगयाथा।आर्थिकस्थितिखराबहोनेकेकारण10वर्षपहले1.70लाखमेंकरीबढाईबीघापैतृकजमीनबेचकरछोटाट्रैक्टरलिया।फिरपीछेमुड़करदेखनेकीजरूरतनहींपड़ी।2015मेंट्रकवदोसालबादजेसीबीकेसाथट्रांसपोर्टकाकामशुरूकिया।कोरोनाकालमेंव्यवसायमंदपड़जानेपरमछलीपालनकीयोजनाबनाईगई।जेसीबीसेदोपार्टमेंतालाबबनाकरउसमेंपानीभरवादिए।बतायाकिबारिशमेंतालाबकेभीटेपरपौधारोपणकरायाजाताहै।इसकाममेंअन्यदोभाइयोंकोभीमछलीपालनवजलसंरक्षणसेजोड़कररोजगारदेनेकीयोजनाबनाईहै।बतायाकिमकसदहैकिबारिशकापानीएकत्रहो,उसकासहीउपयोगहोऔरपशु-पक्षीसमेतअन्यकोपानीकेलिएभटकनानपड़ेयहीसोचकेसाथजलसंरक्षणकीदिशामेंकदमआगेबढ़ाएहैं।लोगोंकोभीप्रेरितकरतेहैंकिकलकेलिएबूंद-बूंदसहेजलो।

सहेजलोहरबूंदकामत्थाजलसंरक्षणकेप्रतियदिजल्दहीहरकोईसंजीदानहींहुआतोआनेवालाकलजलसंकटकाहोगा।ऐसेमेंपानीकीफिजूलखर्जीसेबचनेकोतरकीबअपनाएं।वैसेअभीभीलोगजलदोहनमेंकोईकोरकसरनहींछोड़रहेहैंजोघातकबनजाएगा।यहजलबर्बादीशहरसेलेकरगांवतकसंकटबनेगा।भूगर्भमेंजलरहेगातोहैंडपंपबेपानीहोनेसेबचजाएंगे।