नहर का निर्माण हुए बीत गए 35 वर्ष, वर्षा के भरोसे किसान

संवादसहयोगी,महुआ:

किसानोंकोखेतोंमेंसिचाईकेलिएपानीपहुंचानेकेउद्देश्यसेसाढे़तीनदशकपूर्वमहुआप्रखंडक्षेत्रकेआधादर्जनगांवोंमेंगंडकप्रोजेक्टयोजनाकेअंतर्गतकरोड़ोंरुपएकीराशिखर्चकरखोदीगयीनहरसेआजतकएकबूंदपानीकिसानोंकेखेतोंमेंनहींपहुंचाहै।स्थानीयकिसाननेपीएमओकार्यालयमेंएकपत्रलिखकरकिसानोंकीसमस्याओंकानिजातदिलानेकीमांगकीहै।

गंडकप्रोजेक्टयोजनाकेअंतर्गतवर्ष1982मेंमहुआप्रखंडक्षेत्रकेमहुआसेतरौरा,छतवारा,कुशहर,समसपुराहोतेहुएसिघाड़ागांवतकनहरकीखोदाईकेलिएकिसानोंनेअपनीबेशकीमतीजमीनविभागकोदेदीथी।किसानोंकीभूमिमिलनेकेबादवर्ष1985मेंलगभगकरोड़ोंरुपएखर्चकरगोविदपुरवितरणीउपनहरकेनामसेलगभगछहकिलोमीटरलंबीनहरकीखोदाईकराई।नहरखोदेजानेसेकिसानोंमेंकाफीहर्षथातथाउन्हेंआशाथीकिअबखेतोंकीसिचाईमेंपरेशानीनहींहोगी।लेकिनविभागकीउदासीनताकेकारणकरोड़खर्चकिएजानेकेबावजूदसरकारकीइसमहत्वाकांक्षीयोजनामेंएकबूंदभीपानीकिसानोंकेखेतोंमेंनहींपहुंचा।

क्षेत्रकेकिसानतरौराकेभोलासिंह,छतवाराकेपूर्वमुखियाअंबिकासिंह,कुशहरकेकेदारसिंह,मनीषयादव,गणेशराय,सिघाड़ाकेजयमाधवसिंह,राणाप्रतापसिंह,ब्रजकिशोरसिंह,रामस्वरुपसिह,मिटूपंडित,रविदरसिंहसहितअन्यनेबतायानहरखोदाईकेबादउनलोगोंमेंएकखुशीथीकिअबउनकेखेतोंमेंलगीफसलोंकोपानीमिलेगातथाफसलेंलहलहाएंगी,लेकिनविभागकीउदासीनताकेकारणआजतकएकबूंदभीपानीखेतोंमेंनहींपहुंचा।

किसानोंनेबतायाकिनहरसेतोएकबूंदपानीनहींमिलालेकिनदोवर्षपूर्वनहरकीमरम्मतकेनामपरफिरकरोड़ोंरुपयेविभागद्वाराखर्चकरदिएगए।किसानोंनेरोषजाहिरकरतेहुएकहाकिविभागीयपदाधिकारीकीउदासीनताकेकारणआजतकउनलोगोंकेखेतोंमेंपानीनहींमिलपायाहै।वहींकिसानोंकीइससमस्याकोलेकरस्थानीयसिघाड़ागांवकेकिसानसहसामाजिकसंगठनबिहारविकाससमाजकेअध्यक्षबलरामसिंहनेपीएमओकोएकपत्रलिखकरकिसानोंकीउक्तसमस्यासेअवगतकरातेहुएनहरमेंपानीछोड़ेजानेकीमांगकीहै।उन्होंनेकहाकि5वर्षपूर्वभीउन्होंनेएकपत्रप्रधानमंत्रीकोलिखाथा,जिसपरउच्चस्तरीयकमेटीनेआकरजांचभीकीतथाशीघ्रपानीछोड़ेजानेकाआश्वासनभीदियाथा,लेकिनआजतकइसकाकोईसमाधाननहींनिकलाऔरनाहीकिसानोंकोपानीहीमिला।उन्होंनेफिरएकपत्रलिखकरइससमस्यासेप्रधानमंत्रीकार्यालयकोअवगतकरायाहै।