पुणे के युवक को बेवजह हिरासत में रखने पर पांच लाख रुपये मुआवजा देने का निर्देश, जानें क्या था मामला

पटना,जेएनएन। बिहारराज्यमानवाधिकारआयोगनेपुणेकेयुवकजरारऐराजशेरखरकोबेतियापुलिसद्वारागलतआरोपलगाकरकरीबतीनमाहअभिरक्षामेंरखनेपरकड़ीआपत्तिजताईहै।आयोगनेगृहविभागकोपत्रलिखकरमामलेमेंपीड़ितयुवककीमांनुसरतएजाजशेरखरकोक्षतिपूर्तिकेरूपमें11फरवरी,2021केपहलेपांचलाखरुपयेकाभुगतानकरनेकानिर्देशदियाहै।इसकेअलावामामलेमेंप्रथमदृष्टयादोषीपाएगएतीनपुलिसकर्मियोंकेविरुद्धकीगईविभागीयकार्रवाईसेअवगतकरानेकोकहाहै।इनपुलिसकर्मियोंमेंनरकटियागंजकेतत्कालीनडीएसपीनिसारअहमद,साठीथानाकेएएसआइविनोदकुमारसिंहऔरसिपाहीकृष्णकुमारशामिलहैं।आयोगकेसदस्यउज्ज्वलकुमारदुबेनेकार्रवाईसेजुड़ीफाइल18फरवरीतकउपलब्धकरानेकानिर्देशजारीकियाहै।

मामलादोसालपुरानाहै।बेतियापुलिसनेसाठीथानाकांडसंख्या162/2008मामलेमेंप्राथमिकीकेनामांकिनअभियुक्तजरारएजाजशेरखरकोमहाराष्ट्रकेपुणेसेगिरफ्तारकियाथा।वहपुणेकेसमार्थथानाकेसाइकिलसोसाइटीमेंरहतेथे।युवकपरबलात्कार,छलकरनेऔरबेईमानीसेबहुमूल्यवस्तुदेनेकाआरोपलगायागयाथा।मामलेमेंबेतियापुलिसनेपुणेकेयुवकको26मार्च,2019कोगिरफ्तारकियाथाऔर17जुलाई2019तकअनावश्यकरूपसेन्यायिकअभिरक्षामेंरखाथा।बादमेंपुलिसकीजांचमेंघटनाकोपूर्णत:असत्यपायागया।

आयोगनेकहा-इससेपुलिसव्यवस्थापरविश्वाससमाप्तहोताहै

आयोगनेमामलेमेंसुनवाईकरतेहुएछहनवंबर,2019कोकहाथाकियुवककोसाजिशपूर्वकफंसानातथाअनावश्यकरूपसेअभिरक्षामेंरखाजानासभ्यवकल्याणकारीराज्यकेलिएपूर्णत:अस्वीकार्यहै।इसअपराधकेलिएदोषीपुलिसकर्मियोंपरमात्रविभागीयकार्यवाहीकिएजानेसेअल्पसंख्यकसमुदायकेएकनवयुवककापुलिसव्यवस्थासेविश्वाससमाप्तहोजाताहै।इसआदेशकेबादमेंगृहविभागनेआयोगकोसूचितकियाकिपीडि़तकोवित्तीयराहतदिएजानेकेबिंदुपरराज्यसरकारकोकोईआपत्तिनहींहै।