उम्र 55 की, जल सहेजने की सोच युवा

विमलपांडेय,उरई

उनकीउम्र55सालकी,मगरसोचऔरजज्बायुवाओंजैसा।बसध्येयएकही,अपनेगांवकोपानीसंकटसेउबारनेका।कईझंझावतोंकेबादभीकदमनपीछेहटेऔरनहीअपनेमकसदसेभटके।पानीबचानेकेअभियानमेंकारवांबढ़ताहीगयाऔरमंजिलमिलतीगई।यहदृढ़ताहैजालौनजिलेकेरामपुराविकासखंडमेंकिशुनपुरागांवकीसुशीलादेवीकी,जोवर्ष2011सेपानीबचाओअभियानमेंकूदनेकेबादबुंदेलियोंकोपानीकामोलसमझारहींहैं।

दरअसल,पहुजनदीकेकिनारेउनकेगांवमेंभीकभीपानीकाविकरालसंकटरहा।ग्रामीणकईकिलोमीटरसेपानीलानेकोजूझतेथे।नदीसेपानीलातेथे।ऐसेमेंसुशीलानेगांवमेंपानीपंचायतशुरूकी।करीब50महिलाओंकीएकमजबूतटीमतैयारकी।गांवकेस्थायीएवंपारंपरिकजलस्रोतोंकोमजबूतकरनेकेलिएएकसंस्थाकेमाध्यमसे'पानीप्रथमहकदारीपरियोजना'काशुभारंभकराया।नहरोंऔरबंधोंकासुदृढ़ीकरणकराया।एकदर्जनकुओंकीसफाईकराई।इससेगांवपानीहोगया।उनकेपासआठबीघेकीखेतीभीहै,जोपतिबलवंतकेसहयोगसेखुदकरवातीहैं।

जागरूकतासेहीबचेगापानी,सुरक्षितहोगाकल

सुशीलाकहतीहैंकिअबजलसंकटजबमुहानेपरहैतोलोगोंकोपानीकामोलसमझमेंआनेलगाहै।लोगोंनेपानीकोसुरक्षितकरनेकेलिएकाफीपरिश्रमकियाहै।अबगांवमेंपानीकीसमस्यानहींहै।सुशीलारामपुराब्लाकमेंजलसहेलीकेरूपमेंगांव-गांवअभियानकोगतिदेरहीहैं।उनकामकसदहैकिग्रामीणअबसावधानहोजाएं,क्योंकिबुंदेलखंडमेंआनेवालेसमयमेंसबसेअधिकपानीकासंकटहीहोगा।जलसंरक्षणऔरभूजलकीसुरक्षाहीसबसेअहमजिम्मेदारीहै।

सुशीलाकेप्रयाससेयेकामहुए

-200बीघाखेतोंमेंपानीबचानेकेलिएसामूहिकमेड़बंदीकार्यक्रम

-किशुनपुरागांवकेनिनावलीनालेमेंचेकडैमकानिर्माण।

-200सेअधिकपारंपरिकजलस्त्रोतोंकाजीर्णोद्धार

-100कुओंकीसफाईवजलसंरक्षणकेलिएप्रेरितकरना।

-200सेअधिकगांवोंमेंपानीकेलिएजागरूकताचौपालें।

पानीकेलिएसुशीलाकाप्रयाससराहनीयहै।हरगांवमेंमहिलाएंऐसेहीजनसरोकारपरकामकरेंतोजलसंरक्षणपरबेहतरकामहोगा।

-संजयसिंह,सचिव,परमार्थसामाजिकसंस्थान,जालौन।